अंक ज्योतिष
अंक ज्योतिष आपकी जन्म तिथि और नाम के अंकों के प्रभाव का अध्ययन है। भारतीय अंक ज्योतिष में 1–9 तक हर अंक एक ग्रह से जुड़ा है, और तीन अंक सबसे अहम हैं: मूलांक, भाग्यांक और नामांक।
अपने अंक जानें
तीन मुख्य अंक
मूलांक
मूलांक आपकी जन्म तारीख़ (दिन) का एक अंक में योग है। यह आपके मूल स्वभाव और आत्म-छवि को बताता है।
भाग्यांक
भाग्यांक पूरी जन्म तिथि का योग है। यह बताता है कि जीवन आपको किस राह पर ले जाता है।
नामांक
नामांक आपके नाम के अक्षरों (कैल्डियन मान) से बनता है। कई लोग वर्तनी बदलते हैं ताकि यह मूलांक से मेल खाए।
हर अंक का अर्थ
स्वामी सूर्य
नेतृत्व, स्वतंत्रता और महत्वाकांक्षा। सूर्य के प्रभाव से आप नेतृत्व करना और अपनी राह ख़ुद चुनना पसंद करते हैं।
स्वामी चंद्र
संवेदनशीलता, सहयोग और कल्पना। चंद्रमा के प्रभाव से आप कूटनीतिक और भावनात्मक रूप से अंतर्ज्ञानी हैं।
स्वामी गुरु
ज्ञान, आशावाद और शिक्षण। गुरु के प्रभाव से आप अनुशासित, सिद्धांतवादी और ज्ञान के लिए सम्मानित हैं।
स्वामी राहु
मौलिकता और कड़ी मेहनत। राहु के प्रभाव से आप अलग सोचते हैं और लगन से सफल होते हैं।
स्वामी बुध
संवाद, बहुमुखी प्रतिभा और व्यापारिक समझ। बुध के प्रभाव से आप हाज़िरजवाब और लचीले हैं।
स्वामी शुक्र
प्रेम, सौंदर्य और ज़िम्मेदारी। शुक्र के प्रभाव से आप सामंजस्य, परिवार और सुंदर चीज़ों को महत्व देते हैं।
स्वामी केतु
आध्यात्मिकता, शोध और अंतर्ज्ञान। केतु के प्रभाव से आप गहरे अर्थ खोजते हैं और एकांत पसंद करते हैं।
स्वामी शनि
धैर्य, अनुशासन और सहनशक्ति। शनि के प्रभाव से सफलता मेहनत से धीरे-धीरे मिलती है।
स्वामी मंगल
ऊर्जा, साहस और जोश। मंगल के प्रभाव से आप निडर, रक्षक और कर्मठ हैं।